This article was added by the user . TheWorldNews is not responsible for the content of the platform.

बड़ी खबर, उत्तराखंड में सेना की बटालियन में कोरोना विस्फोट, कई जवान संक्रमित

दून मेडिकल कॉलेज की लैब में जीनोम सीक्वेंसिंग की जांच शुरू कर दी गई है। इससे पहले जीनोम सीक्वेंसिंग जांच के लिए सैंपल दिल्ली भेजे जा रहे थे। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. आशुतोष सयाना ने बताया कि कॉलेज में लैब स्थापित की गई है।

दूसरी तरफ कोरोना के नए वैरिएंट (बी1.1.529) को लेकर विशेष सतर्कता बरत रहे उत्तराखंड शासन ने दक्षिण अफ्रीका से पहुंचे यात्रियों की विशेष निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। प्रदेश को केंद्र सरकार से विदेशों से आने वाले 50 उत्तराखंड वासियों की सूची प्राप्त हुई है। इनमें से दस यात्री दक्षिण अफ्रीका से हैं। इसके अलावा कुछ यात्रियों के हांगकांग से आने की भी सूचना है।

इनमें से अधिकांश अभी दिल्ली में ही हैं लेकिन कुछ के उत्तराखंड पहुंचने की सूचना है। ऐसे यात्रियों का पता लगाकर संबंधित जिलाधिकारियों को उनकी निगरानी रखने को कहा गया है।शासन ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और मुख्य सचिव एसएस संधू के निर्देश पर सभी जिलों को एडवाइजरी भी जारी की है।

इसमें कहा गया है कि नए वैरिएंट का असर अधिक गंभीर हो सकता है, इसलिए कोरोना संक्रमण के मामलों में अधिक गंभीरता बरती जाए।कोराना का नया वैरिएंट इस समय दक्षिण अफ्रीका, बोत्सवाना और हांगकांग में सामने आया है।

इस नए वैरिएंट का रूप काफी घातक माना जा रहा है। इसे लेकर केंद्र सरकार भी गंभीर है। केंद्र सरकार के निर्देशों के क्रम में उत्तराखंड शासन ने भी एडवाइजरी जारी कर दी है।सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य डॉ. पंकज पांडेय द्वारा जारी एडवाइजरी के अनुसार नए वैरिएंट से बचाव के लिए सभी जिले बचाव की तैयारियां शुरू करेंगे। इसके रोकथाम और उपचार की तैयारियां पूर्ण की जाएंगी। तैयारियों की नियमित समीक्षा की जाए।

अंतरराष्ट्रीय यात्रा से लौट रहे यात्रियों की सघन निगरानी की जाए। कोई भी लक्षण दिखने पर तुरंत जिला प्रशासन को अवगत कराने के साथ ही अस्पताल में भर्ती किया जाए। सभी कोविड-19 सैंपल जीनोम सीक्वेंस टेस्टिंग के लिए अनिवार्य रूप से राजकीय दून मेडिकल लैब को भेजे जाएं। जनपद स्तर पर पुलिस प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के उच्चाधिकारियों को सम्मिलित करते हुए निगरानी टीम का गठन किया गया।

इसमें कहा गया है कि अंतरराष्ट्रीय यात्रा कर आ रहे यात्रियों की सूची केंद्र सरकार द्वारा लगातार उपलब्ध कराई जाती रहेगी। अभी अंतरराष्ट्रीय यात्रा से वापस आए यात्रियों की सूची सभी जनपदों के मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय को ई-मेल के माध्यम से भेजी जा चुकी है।